Telegram Group Join Now

स्वास्थ्य विभाग की हालिया रिपोर्ट में सामने आई खामियां हरियाणा स्वास्थ्य विभाग में कुल 36% पद खाली

हरियाणा में स्वास्थ्य विभाग की ओर से स्वास्थ्य सुविधाओं पर प्रति व्यक्ति खर्च 6 साल में 2 गुना किए जाने का दावा किया गया है। परंतु अस्पतालों से लेकर स्वास्थ्य केंद्रों तक के मरीजों का इलाज करने वाले डॉक्टर्स से लेकर स्टाफ नर्स तक के पद खाली हैं। लेबोरेट्रियों में जांच करने वाले विशेषज्ञों का अभाव है। राज्य में स्वास्थ्य विभाग में 18, 225 पद हैं, इनमें 11,693 पदों पर ही कर्मचारी कार्यरत हैं। जबकि 35.85 प्रतिशत पद खाली हैं। यह सच स्वास्थ्य विभाग की ओर से ही जारी की गई रिपोर्ट में सामने आया है। कोरोना काल में प्रति व्यक्ति खर्च भले ही अधिक दिखाया गया है।

image editor output image 2056371724 1649471692488
स्वास्थ्य विभाग की हालिया रिपोर्ट में सामने आई खामियां हरियाणा स्वास्थ्य विभाग में कुल 36% पद खाली

लेकिन अस्पतालों में मरीजों की संख्या घटी है। 2018 में आउटडोर में 2.72 करोड़ मरीज डॉक्टरों से जांच कराने के लिए अस्पताल आए थे। जबकि 2020 में यहां आंकड़ा 73 लाख घटकर 1.99 करोड़ रह गया। वहीं, इस अवधि में प्रति मरीज 469.28 रुपए ज्यादा खर्च किए हैं।

2018-19 में प्रति मरीज 1446.79 रुपए खर्च किए तो 2020-21 में यह खर्च बढ़ाकर 1916.07 रुपए दिखाया गया है

अटकी: डॉक्टर से स्टाफ नर्स तक की भर्तियां अधर में

प्रदेश में वार्डों में मरीजों को संभालने वाली स्टाफ नर्स के भी 2 हजार से ज्यादा पद रिक्त हैं। प्रदेश में स्टाफ नर्स के 4,403 पद स्वीकृत हैं। इनमें 2260 पद खाली है। केवल 2143 पदों पर ही स्टाफ नर्स काम कर रही है। हालांकि पिछले 2 वर्ष से हरियाणा स्टाफ सलेक्शन कमीशन की ओर से एक हजार से ज्यादा पदों पर भर्ती चल रही है लेकिन वह अभी तक पूरी नहीं हुई है। पिछले करीब 8 माह से 1200 से ज्यादा डाक्टरों की भर्ती चल रही है लेकिन अभी तक पूरी नहीं हुई है। प्रदेश 3,641 पदों में लगभग एक हजार से ज्यादा पद खाली हैं। डॉक्टर एसोसिएशन की ओर से कई बार जल्द भर्ती करने की मांग की जा चुकी है। अभी यह भर्ती रोहतक पीजीआई के पास है।

प्रदेश में वार्डों में मरीजों को संभालने वाली स्टाफ नर्स के भी 2 हजार से ज्यादा पद रिक्त हैं। प्रदेश में स्टाफ नर्स के 4,403 पद स्वीकृत हैं। इनमें 2260 पद खाली है। केवल 2143 पदों पर ही स्टाफ नर्स काम कर रही है। हालांकि पिछले 2 वर्ष से हरियाणा स्टाफ सलेक्शन कमीशन की ओर से एक हजार से ज्यादा पदों पर भर्ती चल रही है लेकिन वह अभी तक पूरी नहीं हुई है। पिछले करीब 8 माह से 1200 से ज्यादा डाक्टरों की भर्ती चल रही है लेकिन अभी तक पूरी नहीं हुई है। प्रदेश 3,641 पदों में लगभग एक हजार से ज्यादा पद खाली हैं। डॉक्टर एसोसिएशन की ओर से कई बार जल्द भर्ती करने की मांग की जा चुकी है। अभी यह भर्ती रोहतक पीजीआई के पास है।
असर: जांच और देखभाल हो रही प्रभावित

असर: जांच और देखभाल हो रही प्रभावित

अस्पतालों में लैब टेक्नीशियन के 1057 पद मंजूर है। परंतु इनमें 346 पदों पर ही कर्मचारी काम कर रहे हैं। इसी प्रकार रेडियोग्राफर के 351 पदों पर 90 काम कर रहे हैं। जबकि मरीजों के इलाज के लिए जांचें जरूरी हैं। वहीं, स्टाफ नर्स की भर्ती न होने से मरीजों की देखभाल भी प्रभावित हो रही है।

Leave a Comment

Your email address will not be published.

Scroll to Top